
New Delhi/तिरुवनंतपुरम, 8 सितंबर . केरल के पूर्व मुख्य सचिव के.एम. अब्राहम के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति के मामले में जोमोन पुथेनपुराकल ने Supreme Court में याचिका दायर कर सीबीआई की जांच पर लगी अंतरिम रोक हटाने की मांग की है. उन्होंने शीर्ष अदालत में याचिका दायर कर अनुरोध किया कि सीबीआई जांच पर जारी अंतरिम स्थगन आदेश को समाप्त किया जाए, ताकि मामले की निष्पक्ष और प्रभावी जांच आगे बढ़ सके.
Supreme Court में दायर जवाबी हलफनामे में जोमोन ने तर्क दिया कि सीबीआई जांच रोकने का कोई कानूनी आधार नहीं है और अदालत से जांच जारी रखने की अनुमति देने का आग्रह किया. वहीं सीबीआई ने जांच रोकने की मांग करने वाली अब्राहम की याचिका का भी विरोध किया है.
सीबीआई की डिप्टी इंस्पेक्टर जनरल (डीआईजी) रेणुका देवी ने अपने हलफनामे में कहा कि अब्राहम की याचिका सुनवाई के लायक नहीं है और इसे खारिज कर दिया जाना चाहिए.
यह मामला 1 जनवरी, 2003 से 31 दिसंबर 2015 के दौरान के.एम. अब्राहम की आय के ज्ञात स्रोतों से अधिक संपत्ति रखने के आरोपों से जुड़ा है. केरल उच्च न्यायालय ने 11 अप्रैल, 2025 को First Information Report दर्ज करने और सीबीआई जांच का आदेश दिया था.सीबीआई ने 25 अप्रैल को मामला दर्ज किया. इसके बाद अब्राहम Supreme Court गए, जिसने जांच पर अंतरिम रोक लगा दी.
Supreme Court के सामने एक अहम मुद्दा यह है कि क्या अब्राहम की जांच करने से पहले Government की मंजूरी जरूरी थी.
जोमोन ने आर.एस. नायक-ए.आर. अंतुले मामले में 1984 के संविधान पीठ के फैसले का हवाला देते हुए कहा है कि ऐसी किसी मंजूरी की जरूरत नहीं थी.
उन्होंने यह भी तर्क दिया है कि ‘प्रिवेंशन ऑफ करप्शन एक्ट’ की धारा 17ए, जिसे 2018 में एक संशोधन के जरिए लागू किया गया था, उसे बहुत पहले किए गए अपराधों पर पिछली तारीख से लागू नहीं किया जा सकता.
जोमोन ने यह भी आरोप लगाया कि अब्राहम की संपत्ति की पहले हुई विजिलेंस जांच का दायरा कम कर दिया गया था और जांच की अवधि को 2000-2015 से घटाकर 2000-2009 कर दिया गया था. उन्होंने दावा किया कि केरल हाईकोर्ट ने इस मामले पर ध्यान दिया था.
याचिकाकर्ता ने सरकारी अधिकारियों द्वारा जमा किए गए अनिवार्य बयानों में संपत्ति का विवरण न बताने के संबंध में भी आरोप लगाए हैं.
उन्होंने कोल्लम, Mumbai और तिरुवनंतपुरम में कथित तौर पर मौजूद संपत्तियों का जिक्र किया, जिनमें एक शॉपिंग कॉम्प्लेक्स, Mumbai में एक फ्लैट और राज्य की राजधानी तिरुवनंतपुरम में एक अपार्टमेंट शामिल हैं.
जोमोन ने कहा कि अब्राहम का यह आरोप स्वीकार नहीं किया जा सकता कि हाईकोर्ट की कार्यवाही ‘फोरम शॉपिंग’ के बराबर थी.
उन्होंने यह भी बताया कि केरल में Government बदलने के बाद अब्राहम ने ‘केरल इंफ्रास्ट्रक्चर इन्वेस्टमेंट फंड बोर्ड’ के सीईओ और पूर्व Chief Minister पिनराई विजयन के मुख्य प्रधान सचिव के पद से इस्तीफा दे दिया था.
जोमोन ने कहा कि सीबीआई जांच को जारी रखने देना व्यापक जनहित में है और अगर जांच के शुरुआती चरण में ही रोक जारी रहती है, तो इससे सच्चाई का पता लगाने की कोशिशों में बाधा आ सकती है. रिटायरमेंट के बाद अब्राहम ने पिनाराई विजयन प्रशासन में अहम पद संभाले और वे विजयन के भरोसेमंद सहयोगी थे.
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एसएचके/
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