विनायक संभालेंगे अब भय्यू महाराज की संपत्ति

खुदकुशी करने से ठीक पहले भय्यू महाराज अपना सब कुछ सेवादार विनायक के नाम कर गए

इंदौर . आध्‍यात्मिक गुरु भय्यू महाराज ने अपना उत्तराधिकारी अपने वफादार सेवादार विनायक को घोषित किया है. भय्यू महाराज ने मंगलवार दोपहर अपने घर में खुद को गोली मारकर खुदकुशी कर ली थी.

bhayyu-maharaj-note भय्यूजी महाराज ने दुनिया को अलविदा कहने से पहले पॉकेट डायरी में एक सुसाइड नोट छोड़ा था. उन्‍होंने उस नोट के दूसरे पन्‍ने में अपने आश्रम, प्रॉपर्टी और वित्‍तीय शक्‍तियों की सारी जिम्‍मेदारी अपने वफादार सेवादार विनायक को दी है.

सुसाइड नोट का वो दूसरा हिस्सा जो अब दुनिया के सामने आया है. इस हिस्से में भय्यू जी महाराज ने लिखा हैं कि विनायक मेरा विश्वासपात्र है. मेरे फाइनेंस, प्रॉपर्टी और बैंक अकाउंट की सारी जिम्मेदारी विनायक की होगी. यह किसी प्रेशर में आकर नहीं लिख रहा हूं.

विनायक मूलतः महाराष्ट्र के अहमदनगर के रहने वाले हैं. बताते हैं कि विनायक करीब दो दशक पहले महाराष्ट्र से इंदौर आए थे. कुछ दिन इंदौर में गुजारने के बाद वह महाराष्ट्र से जुड़े और इंदौर में रहने वाले रसूखदार लोगों की मदद से भय्यूजी महाराज के साथ जुड़ गए. वक्त गुजरने के साथ विनायक ने काम करने के तरीके और सादगी से भय्यूजी महाराज का विश्वास जीत लिया.

vinayak-bhayyu-maharaj विनायक कुछ ही बरसों में भय्यूजी महाराज के सबसे भरोसेमंद लोगों में शामिल हो गए. दरअसल, विनायक के पहले एक अन्य व्यक्ति उनकी सारी जरूरतों का ख्याल रखता था. शादी के बाद उसने महाराज से दूरी बनाई तो भय्यूजी महाराज ने विनायक को सारी जिम्मेदारी सौंप दी.

विनायक पर दिवंगत भय्यूजी महाराज को इतना भरोसा था कि उनकी जिंदगी से जुड़ी हर बात विनायक को पता होती थी. उनके हर फैसले में विनायक सहभागी होते थे. महाराज भी उनकी बात का आदर करते थे.

भय्यूजी महाराज को बेहद नजदीक से जानने वाले लोग बताते हैं कि उनके निवेश की बात हो या किसी को आर्थिक मदद दिए जाने की, किसी प्रोजेक्ट पर खर्च होने वाली राशि हो या फिर दान में मिलने वाली राशि, विनायक ही अकेले शख्स हैं, जिन्हें हर बात की जानकारी होती थी.

bhayyu-suicide-note-vinayak पहली पत्नी माधवी की मौत के बाद बेटी कुहू की जरूरतों का ख्याल भी विनायक ही रखते थे. कुहू पुणे में रहकर पढ़ाई कर रही है. ऐसे में वहां उसे किसी तरह की कोई दिक्कत न हो इसके लिए भी भय्यूजी महाराज ने विनायक को जवाबदारी सौप रखी थी.

महाराज को विनायक पर इतना भरोसा था कि उन्हें आने वाले सारे फोन भी पहले वह ही अटेंड करते थे. इसके बाद ही भय्यूजी से बात हो सकती थी. हालांकि, पारिवारिक तनाव की वजह से पिछले दो-तीन दिन से वह फोन पर खुद ही डायरेक्ट बात कर रहे थे.

गौरतलब है कि भय्यूजी ने मंगलवार को खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली थी. मौके से मिले सुसाइड नोट में भय्यूजी ने तनाव के चलते आत्महत्या करने का जिक्र किया था. उनके सुसाइड करने के वक्त घर में बुजुर्ग मां के अलावा विनायक भी मौजूद थे.



The post विनायक संभालेंगे अब भय्यू महाराज की संपत्ति appeared first on Udaipur Kiran

Loading...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*